समर्पण क्या है?
समर्पण का अर्थ है सम + अर्पण। जो कुछ भी मैंनें अपने आप को मान लिया है, वो सब कुछ अर्पण कर देना, समर्पण है। अपना अज्ञान, मान्यताओं, पूर्वाग्रह, मतारोपण आदि का त्याग समर्पण है। अपने स्वरूप में समता पूर्वक स्थिति समर्पण है।
समर्पण क्या है?
समर्पण का अर्थ है सम + अर्पण। जो कुछ भी मैंनें अपने आप को मान लिया है, वो सब कुछ अर्पण कर देना, समर्पण है। अपना अज्ञान, मान्यताओं, पूर्वाग्रह, मतारोपण आदि का त्याग समर्पण है। अपने स्वरूप में समता पूर्वक स्थिति समर्पण है।
आप पहले से ही अपने घर पर हैं, अब कहां जाने के लिए संघर्ष कर रहे हैं। इस संघर्ष को भी समाप्त करने का संघर्ष मत करो, वो भी निरर्थक ही होगा।
ज्ञान मार्ग पर पूजा नहीं,
नहीं तो तुम्हारी पूजा ही कर लेता।
सभी कुछ माया है,
नहीं तो तुमको सत्य ही मान लेता।